Monthly Archives: नवम्बर 2005

बिहार में सत्ता परिवर्तन ब्लागर्स के विचार

बिहार में सत्ता परिवर्तन पर लोग मुखर हो उठे। आशीष गर्ग , प्रिय रंजन झा तथा प्रतीक ने इस पर अपने चिट्ठे लिखे। आशीष गर्ग तथा नितिन बागला ने बताया की वे फिल्में किस लिये देखते हैं। सन्यास योग के … पढना जारी रखे

Advertisement

Uncategorized में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे

एक बेघर आवारा कण

आजकल हिंदी चिट्ठाजगत हजामत का दौर सा चल रहा है। फुरसतिया के गुम्मा हेयर कटिंग सैलून को देखकर अतुल भी रंगीला हेयर ड्रेसर में घुस गये तथा वहां से बेआबरू हो के ही निकले तथा सीधे जुड़ गये प्रिंट मीडिया … पढना जारी रखे

Uncategorized में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे

कालीचरण कविता करने लगे

कुछ दिन से चर्चा ठहरी रही। इस बीच और लोग जुडे़ चिट्ठाकारी जगत से। मूलत: बिहार की रहने वाली जयाझा आई.आई.एम लखनऊ से एम बी ए करते हुये हिंदी में अपनी पसंदीदा कविताओं तथा गज़लों को अपने ब्लाग पर पोस्ट … पढना जारी रखे

Uncategorized में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे